- January 31, 2026
दुर्ग में “अछरा” महोत्सव शुरू, वोरा का छत्तीसगढ़ कलाकारों को नमन

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज
दुर्ग |
दुर्ग शहर के वार्ड 53-54 पोटियाकला स्थित दशहरा मैदान में तीन दिवसीय “अछरा लोक कला महोत्सव” का भव्य आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन अजय उपकार नवयुवक मंडल, अजय सरस्वती मंडली एवं वार्डवासी पोटियाकला दुर्ग के संयुक्त तत्वावधान में संपन्न हो रहा है।
महोत्सव का उद्घाटन समारोह शनिवार को आयोजित किया गया, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व विधायक एवं प्रदेश के वरिष्ठ कांग्रेस नेता अरुण वोरा शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि – “लोक कला हमारी सांस्कृतिक आत्मा है। ऐसे आयोजन हमारी परंपराओं को जीवंत रखते हैं और नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ते हैं। मैं इस बेहतरीन महोत्सव के लिए सभी आयोजकों को बहुत-बहुत शुभकामनाएं प्रेषित करता हूं। दुर्ग में इस प्रकार के सांस्कृतिक और लोककला से जुड़े कार्यक्रम निरंतर होते रहना चाहिए।
“छत्तीसगढ़ की धरती सृजन और साधना की भूमि है। यहां कलाकारों का अभाव नहीं, बल्कि ऐसी प्रतिभाओं की समृद्ध परंपरा है, जिन्होंने अपनी कला से पूरे देश में छत्तीसगढ़ की अमिट पहचान स्थापित की है। हमारे कलाकार निरंतर अपनी साधना से राष्ट्रीय फलक पर नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बन रहे हैं।”
अरुण वोरा के साथ मंच पर पूर्व महापौर आर. एन. वर्मा, फतेह सिंह भाटिया, पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष अजय मिश्रा, राजकुमार पाली, परमजीत भूई, इंद्रपाल सिंह भाटिया, पप्पू श्रीवास्तव, बृजमोहन तिवारी, सफी कुरैशी, मंडल अध्यक्ष सुधीर चंदेल, सेवादल अध्यक्ष विकास सापेकर, के. डी. देवांगन एवं भोजराम यादव विशेष रूप से उपस्थित रहे।
आयोजन समिति की ओर से अनुरूप साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि 31 जनवरी और 1 फरवरी को आयोजित इस महोत्सव के पहले दिन आदिवासी नृत्य कर्मा, गेंड्री, मांदरी, रामधुनी, रितु वर्मा की पंडवानी, फाग झांकी, नीलकमल वैष्णव का भजन संगीत, जस झांकी एवं नाचा की आकर्षक प्रस्तुतियां होंगी।
वहीं दूसरे दिन भरथरी, लोक नृत्य, जस झांकी, सतनाम भजन, लोक संगीत, हास्य प्रसंग एवं लोकधार की प्रस्तुति दर्शकों को लोक संस्कृति से रूबरू कराएगी।
महोत्सव को लेकर क्षेत्रवासियों में उत्साह का माहौल है और बड़ी संख्या में लोग लोक कला के रंगों में सराबोर होने पहुंच रहे हैं।




