- March 7, 2026
दुर्ग अफीम खेती पर अरुण वोरा सख्त: सरकार बताए प्रदेश को किस दिशा में ले जा रही है

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज
दुर्ग
गौरतलब है कि दुर्ग जिले के समोदा क्षेत्र में शिवनाथ नदी के किनारे कई एकड़ जमीन पर अफीम की अवैध खेती किए जाने का मामला सामने आया है। पुलिस और जिला प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर कार्रवाई करते हुए आरोपियों को हिरासत में लिया है और मामले की जांच जारी है।
दुर्ग जिले में मक्का की आड़ में कई एकड़ जमीन पर अफीम की अवैध खेती का खुलासा होने के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। इस मामले में भाजपा से जुड़े नेताओं के नाम सामने आने के बाद विपक्ष ने सरकार और प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं।
दुर्ग के वरिष्ठ कांग्रेस नेता एवं पूर्व विधायक अरुण वोरा ने इस पूरे मामले को बेहद गंभीर बताते हुए सरकार और जिला प्रशासन पर तीखा हमला बोला है।
उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा—
“दुर्ग में प्रशासन की नाक के नीचे इतने बड़े स्तर पर अवैध अफीम की खेती होना बेहद चिंताजनक है। आखिर इतने महीनों तक यह खेती कैसे चलती रही और प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं लगी? यह सवाल सीधे तौर पर प्रशासन की कार्यप्रणाली पर उठता है।”
उन्होंने आगे कहा कि वर्ष 2023 में भाजपा के सत्ता में आने के बाद से प्रदेश में नशे से जुड़े मामलों में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।
“जबसे भाजपा सरकार 2023 में सत्ता में आई है, तब से प्रदेश को धीरे-धीरे नशे की ओर धकेला जा रहा है। अलग-अलग प्रकार के नशे का कारोबार तेजी से बढ़ रहा है और इसका सीधा असर प्रदेश में बढ़ते अपराधों के रूप में सामने आ रहा है।
वोरा ने कहा कि इस तरह की घटनाएं छत्तीसगढ़ की छवि को भी नुकसान पहुंचाती हैं। एक शांत और प्रगतिशील राज्य के रूप में पहचान बनाने वाले प्रदेश में यदि नशे के कारोबार और अवैध खेती के मामले सामने आएंगे, तो यह प्रदेश के भविष्य और सामाजिक संरचना के लिए गंभीर खतरा बन सकता है।
वोरा ने कहा कि इसकी गहराई से जांच कर पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाना चाहिए,पूरे प्रदेश में विशेष अभियान चलाकर अवैध नशे के कारोबार और खेती की जांच कराई जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाई जा सके।




