- May 26, 2026
शक्ति नगर तालाब गहरीकरण व पिचिंग कार्य का महापौर ने किया निरीक्षण, 45 लाख की लागत से हो रहा विकास कार्य

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज
दुर्ग। नगर पालिक निगम सीमा क्षेत्र अंतर्गत पटरीपार क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 17 शक्ति नगर स्थित तालाब के गहरीकरण एवं पिचिंग कार्य का आज महापौर अलका बाघमार ने लोक कर्म प्रभारी देव नारायण चन्द्राकर, वार्ड पार्षद सुरूचि उमरे,अरुण सिंह, उपअभियंता पंकज साहू एवं वार्ड के नागरिकों के साथ निरीक्षण कर प्रगति कार्यों का जायजा लिया।नगर निगम प्रशासन द्वारा शक्ति नगर तालाब के संरक्षण एवं जल संरचना को मजबूत बनाने के उद्देश्य से तालाब गहरीकरण एवं पिचिंग कार्य कराया जा रहा है।
इस कार्य के लिए लगभग 45 लाख रुपए की स्वीकृति प्रदान कर कार्य आदेश जारी किया गया है। वर्तमान में कार्य लगातार प्रगति पर है तथा निगम प्रशासन द्वारा गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए गए हैं।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि तालाब गहरीकरण एवं पिचिंग का कार्य तेजी से किया जा रहा है तथा आगामी 15 से 20 दिनों के भीतर कार्य को पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। कार्य पूर्ण होने के बाद क्षेत्र में जल संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा तथा तालाब की संरचना अधिक मजबूत और सुरक्षित होगी।
इस दौरान महापौर अलका बाघमार ने कार्यस्थल का निरीक्षण करते हुए अधिकारियों को गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने और समय-सीमा के भीतर कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा शहर में आधारभूत सुविधाओं के विकास के साथ-साथ जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। तालाबों का संरक्षण आने वाले समय में जल संकट से निपटने के लिए महत्वपूर्ण कदम है।
महापौर अलका बाघमार ने कहा नगर निगम द्वारा शहर के विभिन्न क्षेत्रों में विकास कार्यों को प्राथमिकता के साथ कराया जा रहा है। तालाबों का संरक्षण एवं संवर्धन हमारी प्राथमिकता है। शक्ति नगर तालाब का गहरीकरण एवं पिचिंग कार्य पूर्ण होने से क्षेत्रवासियों को लाभ मिलेगा तथा जल संरक्षण को मजबूती मिलेगी।
लोक कर्म प्रभारी देव नारायण चन्द्राकर ने कहा निगम प्रशासन द्वारा स्वीकृत कार्यों को गुणवत्ता के साथ निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराने का प्रयास किया जा रहा है। शक्ति नगर तालाब विकास कार्य पूरा होने के बाद क्षेत्र की जल संरचना मजबूत होगी और नागरिकों को इसका सीधा लाभ मिलेगा।




