• June 2, 2024

शिवनाथ नदी तट पर रेत का अवैध कारोबार, माफिया चांदी काट रहे, जनता हो रही परेशान

शिवनाथ नदी तट पर रेत का अवैध कारोबार, माफिया चांदी काट रहे, जनता हो रही परेशान

ट्राईसिटी एक्सप्रेस। न्यूज
शिवनाथ नदी के गनियारी, पीपरछेड़ी, भरदा, कोनारी, कोटनी, सगनी घाट से लेकर आगे धमधा और आगे बेमेतरा जिले के कई हिस्सों में रेत का अवैध खनन जोरों पर है। यह हालात सिर्फ दुर्ग जिले का ही नहीं है, प्रदेश के अन्य जिलों में बहने वाली नदियों के आसपास से भी रेत का अवैध उत्खनन और परिवहन जोरों पर है। खारून नदी पर दुर्ग जिले की सीमा से लगे ग्राम कौही में सारे नियम कायदों को ताक पर रखकर खुलेआफ रेत माफिया खनिज संपदा की चोरी कर रहे हैं। दलाल किस्म के लोग सक्रिय होकर सारी सेटिंग कर रहे हैं। इसमें नेता से लेकर स्थानीय अफसर सीधे तौर पर संलिप्त हैं। इसकी जानकारी के बाद भी कहीं किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं हो रही है। खास बात है यह है कि पक्ष और विपक्ष दोनों दलों के नेता भी चुप्पी साधे हुए हैं। इसके चलते जनता खासी परेशान हो रही है। लगातार शिकायत भी की जा रही है, लेकिन शिकायतों को कहीं भी गंभीरता से नहीं लिया जा रहा है। एक बार फिर दुर्ग निगम के पूर्व एल्डरमैन प्रतीक उमरे ने इस मामले को उठाया है। उन्होंने इस पूरे मामले की शिकायत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से की है।
डॉ. उमरे ने बताया कि मानसून आने को है, जिसके चलते रेत की मांग बढ़ रही है। रेत का भंडारण कर बारिश के दिनों में उसे ऊंचे दाम में बेचने की फ़िराक में रेत माफिया लगातार नदी नालों का अवैध तरीके से दोहन कर रहे हैं। रेत घाटों से बिना किसी अनुमति के रेत का उत्खनन और परिवहन लगातार हो रहा है। जिससे शासन को हर माह करोड़ों का नुकसान हो रहा है। इसकी जानकारी प्रशासनिक अधिकारियों को होने के बावजूद वे चुप्पी साधे हुए हैं। शिकायतें होने पर प्रशासन द्वारा गिने चुने कुछ लोगों को पकड़ा जाता है।वहीं खानापूर्ति के लिए कार्यवाही भी की जाती है, लेकिन अवैध उत्खनन पर अंकुश नहीं लग पा रहा है। खनिज विभाग द्वारा कार्यवाही न करने से अवैध उत्खनन करने वालों के हौसले बुलंद हैं। वे लगातार अवैध उत्खनन करने में जुटे हुए हैं।

ट्रेक्टरों का पंजीयन कृषि का लेकिन रेत का परिवहन
डॉ. प्रतीक उमरे ने कहा कि ग्रामीण अंचलों में रेत के अवैध कारोबार में लिप्त ज्यादातर ट्रेक्टर कृषि के लिए पंजीकृत हैं, लेकिन इसका उपयोग रेत के अवैध उत्खनन में होता है।अधिकारी भी कार्यवाही के दौरान कभी भी इस आधार पर प्रकरण पंजीबद्ध नहीं करते हैंं।इसलिए चंद रुपयों का चालान काटकर ये वाहन फिर से अवैध उत्खनन में लग जाते हैं।

नियम विरुद्ध चेन माउंटेन मशीनों से किया जा रहा उत्खनन
रेत खदानों में तक ढाई से तीन हजार की जगह पांच से सात हजार रुपए दोगनी कीमत पर रेत की लोडिंग की जा रही है। जिसके कारण घाट से बाजार पहुंचने तक रेत की कीमत 16 हजार रूपए से भी अधिक पहुंच गई है। जिन घाटों में वैध रूप से भी पर्यावरण विभाग द्वारा अनुमति ली गई है वहां भी नियम की धज्जियां उड़ाते हुए चेन माउंटेन मशीनों से उत्खनन किया जा रहा है।साथ ही लोडिंग चार्ज भी कई गुना ज्यादा लिया जा रहा है। इसके कारण आम लोगों को एक हजार फीट हाईवा रेत जो लगभग पांच सात हजार रुपए में मिलना चाहिए वो अब 16 हजार रूपए तक बेचा जा रहा है।

50 रूपए प्रति घन मीटर से लोडिंग का नियम

रेत खदानों को ठेके पर देने के लिए गाइड लाइन बनाई गई है। इसके अनुसार रेत खदानों पर लोडिंग का चार्ज 50 रूपए प्रति घन मीटर तय है।एक घन मीटर मे 50 फीट रेत की लोडिंग होती है। इस तरह से पांच सौ फीट यानी दस घन मीटर रेत की लोडिंग में पांच सौ रुपए चार्ज लिया जाता है। इसकी तुलना में खदानों में प्रति घन मीटर के पिछे 500 से 700 रूपए तक लोडिंग चार्ज लिया जा रहा है।जो की पूर्णतः नियम विरुद्ध है।


Related News

बारिश से पहले बेमेतरा के वार्ड 8 में नालियोंकी सफाई शुरू

बारिश से पहले बेमेतरा के वार्ड 8 में नालियोंकी सफाई शुरू

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज   बेमेतरा वार्ड नंबर 8 में लगातार स्वच्छता का ध्यान रखा जा रहा है,…
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर नगर पंचायत साजा द्वारा सामूहिक योग कार्यक्रम का आयोजन

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर नगर पंचायत साजा द्वारा सामूहिक योग कार्यक्रम का…

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज बेमेतरा। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर नगर पंचायत साजा द्वारा वार्ड क्रमांक 13…
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर बेमेतरा में उत्साहपूर्वक हुआ सामूहिक योगाभ्यास

अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर बेमेतरा में उत्साहपूर्वक हुआ सामूहिक योगाभ्यास

ट्राई सिटी एक्सप्रेस। न्यूज   बेमेतरा। अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर प्रातःकाल जिला मुख्यालय स्थित स्वामी विवेकानंद…